कमीना compleet

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rajaarkey
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Re: कमीना

Unread post by rajaarkey » 10 Nov 2014 13:34


रवि सोनिया की ब्रा का हुक खोल कर उसकी ब्रा को उसके बदन से अलग कर देता है और सोनिया ब्लू जीन्स मे नज़र आती है और उसके मोटे नंगे दूध और गदराया पेट बहुत ही खूबसूरत लगने लगता है रवि सोनिया को अपनी गोद मे चढ़ा लेता है और सोनिया के दूध को दबोचता हुआ उसके एक दूध को अपने मुँह मे भर कर उसके गुलाबी खड़े हुए निप्पल का रस चूसने लगता है और सोनिया तड़प जाती है रवि उसके दोनो मोटे-मोटे दूध को दबा-दबा कर उनका रस चूसने लगता है
रवि- सोनिया तुम कितनी खूबसूरत हो
सोनिया- आह धीरे रवि तुम बहुत ज़ोर से मेरे दूध मसल रहे हो
रवि- अरे डार्लिंग जब तक लोंदियो के दूध को पूरी ताक़त से ना मसलो उन्हे मज़ा नही आता है, तुम्हे अच्छा लग रहा है
ना
सोनिया- हाँ
रवि- और ज़ोर से दबाऊ
सोनिया- हाँ
रवि उसके दूध को कस कर दबाने लगता है और सोनिया आह आह करने लगती है
रवि- अब कैसा लग रहा है
सोनिया- बहुत अच्छा
रवि सोनिया को लिटा कर उसके पास लेट जाता है और उसके दूध को अपने हाथो से मसलता हुआ,
रवि- सोनिया सिनिमा मे ज़्यादा अच्छा लग रहा था या फिर यहाँ
सोनिया- सिनिमा मे तो तुम कपड़े के उपर से कर रहे थे ना, और यहाँ तो तुम
रवि- क्या यहाँ तो तुम
रवि की बात सुन कर सोनिया मुस्कुरा कर मुझे नही मालूम
रवि- यह कहना चाहती हो ना कि यहाँ तो मे तुम्हे नंगी करके मसल रहा हू और उसके दूध को अपने हाथो मे पकड़
कर कस कर मसल देता है, सोनिया आह आह करके सीसीयाने लगती है

रवि -सोनिया मे तुम्हारा रस पीना चाहता हू
सोनिया- सीसियाते हुए कौन सा रस
रवि- उसके जीन्स के उपर से उसकी चूत को दबाता हुआ यहाँ का जहाँ से इस समय सब से ज़्यादा रस निकल रहा है
सोनिया- नही रवि वहाँ मत हाथ लगाओ प्लीज़
रवि- अरे डार्लिंग जब मे वहाँ का रस अपने होंठो से पीऊंगा ना तब तुम्हे सब से ज़्यादा मज़ा आएगा
सोनिया- पर रवि
रवि- उसके होंठो को चूस्ता हुआ उसकी फूली हुई चूत को दबा कर बोलो पिलाओगी ना
सोनिया- सीसियाते हुए हा
रवि- उसके दूध को चूम कर पूरी नंगी कर दू तुम्हे
सोनिया- रवि मुझे शरम आती है
रवि- अच्छा तो तुम अपनी आँखे बंद कर लो
सोनिया- रवि को देख कर मुस्कुराते हुए क्या तुम सचमुच वहाँ का रस पियोगे
रवि- हाँ तुम नही जानती लड़को को लड़कियो की चूत का रस पीने मे बहुत अच्छा लगता है मे तो कब से तुम्हारी इस चूत का सारा रस पीने के लिए तड़प रहा हू अब जल्दी से आँखे बंद करो
सोनिया रवि की बात सुन कर मुस्कुराते हुए अपनी आँखे बंद कर लेती है और रवि उसकी जींस का बटन खोल कर उसकी जीप को नीचे सरका कर उसकी जीन्स को उसके पेरो से अलग कर देता है रवि उसकी गदराई मोटी जंघे और पिंक कलर की पेंटी मे कसी हुई उसकी फूली चूत को देख कर पागल हो जाता है और सोनिया अपनी आँखे खोल कर रवि को देख कर मंद-मंद मुस्कुराने लगती है, रवि सीधे अपने मुँह को सोनिया की गदराई मोटी जाँघो को दबाते हुए उसकी फूली हुई चूत मे अपना मुँह रख कर अपने मुँह से उसकी गदराई चूत को दबाने लगता है और सोनिया एक लंबी सिसकारी लेते हुए अपनी आँखे फिर से बंद कर लेती है, रवि सोनिया की गदराई मोटी और बिल्कुल गोरे रंग की मसल जाँघो को खूब कस-कस कर दबोचते हुए सोनिया की पेंटी के उपर से ही उसकी फूली हुई चूत की खुसबू लेने लगता है रवि सोनिया की पेंटी के उपर से अपने मुँह को ज़ोर से उसकी फूली हुई चूत पर दबाता है और सोनिया आह,आह करती हुई मस्ताने लगती है,
रवि सोनिया की जाँघो को थाम कर उसकी पेंटी को उसकी गान्ड से उतारते हुए उसे पूरी नंगी कर देता है और जब सोनिया की चिकनी चूत को देखता है तो पागल हो जाता है और सोनिया की चूत को अपने होंठो से दबाते हुए उसकी चूत की फूली हुई फांको को फैला कर उसकी चूत के तने हुए दाने को अपनेमुंह मे भर कर उसका रस चूसने लगता है और सोनिया आह आहआह रवि प्लीज़ रवि आह ओह रवि ये क्या कर रहे हो रवि मे मर जाउन्गि रवि प्लीज़,

रवि- उसकी चूत से अपना मुँह हटा कर क्या हुआ सोनिया दर्द कर रहा है क्या नही करू
सोनिया उसका सर पकड़ कर नही रवि कुछ दर्द नही हो रहा है प्लीज़ और करो ना
रवि- सोनिया की बात सुन कर मुस्कुराते हुए नही सोनिया मुझे लगता है तुम्हे दर्द हो रहा है
सोनिया- उसके सर को पकड़ कर अपनी चूत से लगाती हुई नही रवि प्लीज़ चूसो और चूसो मुझे तो बहुत अच्छा लग रहा है
मुझे बिल्कुल दर्द नही हो रहा है रवि सोनिया की बात सुन कर मुस्कुराते हुए उसकी दोनो जाँघो को कस कर फैलाते हुए
उसकी फटी हुई गुलाबी चूत को पूरा अपने हाथो से खोल कर खूब ज़ोर-ज़ोर से चाटने लगता है और सोनिया आह आह करती हुई
हाँ रवि ऐसे ही हाँ रवि और ज़ोर से, बहुत अच्छा लग रहा है रवि खूब कस के चूसो मेरी चूत को,
रवि सोनिया की चूत को चाट-चाट कर गुलाबी से लाल कर देता है और सोनिया ढेर सारा पानी छोड़ने लगती है, रवि सोनिया को उल्टा करके जब उसकी गदराई गान्ड को देखता है तो वह पागल हो जाता है और सोनिया की गान्ड के पाटो को अपने हाथो से चीरता हुआ उसकी कसी हुई गुदा मे अपनी जीभ रख देता है और फिर सोनिया की गुदा और चूत को पीछे से उसकी गान्ड फैला -फैला कर चाटने लगता है, रवि सोनिया के मोटे-मोटे चुतडो को खूब ज़ोर-ज़ोर से मसलता हुआ उसकी गान्ड के छेद को अपनी जीभ से सहलाते हुए अपनी जीभ को उसकी चूत के छेद तक ले जाता है और फिर अपनी जीभ को उसकी चूत के छेद मे भर देता है
और सोनिया आह आह करती हुई अपने ही हाथो से अपने मोटे-मोटे दूध को दबाने लगती है, लगभग 1 घंटे तक रवि
सोनिया की चूत और गान्ड को चाट-चाट कर लाल कर देता है और सोनिया उस दोरान ना जाने कितनी बार अपनी चूत से पानी छोड़ती है

rajaarkey
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Re: कमीना

Unread post by rajaarkey » 10 Nov 2014 13:35


जब रवि उसकी चूत को छोड़ता है तो सोनिया अधमरी सी लेटी-लेटी लंबी-लंबी साँसे लेती रहती है करीब दो मिनिट बाद सोनिया रवि को अपनी आँखे खोल कर देखती है तो उसके होश उड़ जाते है रवि उसकी साइड मे पूरा नंगा लेटा हुआ था जब उसकी नज़र रवि के मोटे लंड पर पड़ती है तो सोनिया की आँखे फटी की फटी रह जाती है और वह घबरा जाती है, रवि उसके चेहरे के एक्सप्रेशन को देख कर
रवि- क्या हुआ सोनिया
सोनिया- रवि तुम्हारा तो बहुत बड़ा है
रवि- उसकी चूत को अपने हाथो के पंजो मे भर कर दबोचता हुआ, मेरी रानी तुम्हारे मस्त भोस्डे को इतना ही बड़ा लंड
लगेगा इससे छोटे से तुम्हारा मन नही भर पाएगा
सोनिया- रवि की हर्कतो से सिहर जाती है और रवि को अपनी बाँहो मे भरते हुए, रवि मुझे डर लग रहा है
रवि- तुम्हे मेरे लंड से डर लग रहा है ना
सोनिया- उसकी छाती मे अपना मुँह छुपाए हाँ
रवि- उसके पीछे अपना हाथ ले जाकर उसके मोटे-मोटे गदराए चुतडो को अपने हाथो मे भर कर दबाता हुआ, अरे मेरी
जान तुम तो मेरी उमर की हो जबकि तुम से छोटी-छोटी लड़किया इससे भी मोटा लंड लेने के लिए मरी जा रही है, आजकल तो 16- 17 साल की लोंड़िया भी 30 साल के आदमी के लंड की कल्पना करने लगी है, जब लड़किया गरम होती है तो अपनी चूत को सहलाते हुए खूब मोटे लंड की ही कल्पना करती है और फिर तुम तो अच्छी ख़ासी जवान हो गई हो, तुम्हारे इस मस्त भोस्डे को तो यह लंड कुछ भी नही लगेगा चाहो तो पकड़ कर देख लो और सोनिया का हाथ अपने लंड पर रख देता है,

सोनिया उसके लंड को धीरे-धीरे सहलाती है और जब रवि उसकी फूली हुई बुर को अपने हाथो मे भर कर कस कर मसल्ने
लगता है तो सोनिया भी रवि के मोटे लंड को अपने हाथो मे कस कर दबाने लगती है, कुछ देर तक दोनो एक दूसरे के चूत
और लंड को कस -कस कर दबाते है उसके बाद रवि उसके होंठो को चूमता हुआ
रवि- सोनिया
सोनिया- क्या
रवि- मेरा लंड चुसोगी
सोनिया- नही
रवि- क्यो
सोनिया- मुझे नही पता कैसे चूस्ते है
रवि- कभी आइस्क्रीम खाई है
सोनिया- हाँ
रवि - बस तो फिर आइस्क्रीम को जैसे चाटते है ना उसी तरह लंड को चटा जाता है एक बार चूस कर देखो तुम्हे बहुत
अच्छा लगेगा
सोनिया- उसके लंड को दबोचते हुए, मुझे शरम आती है
रवि- अच्छा एक काम करो मे तुम्हारी चूत चूस्ता हू तुम मेरा लंड चूसो और रवि सोनिया की ओर अपनी टाँगे करके उसके
पेरो की ओर आकर उसकी जाँघो को फैला कर 69 की पोज़िशन मे आ जाता है, सोनिया रवि के लंड को खोल कर अपनी आँखे फाडे हुए देखती रहती है और जैसे ही रवि अपनी जीभ उसकी चूत मे रख कर चाटना शुरू करता है सोनिया एक दम से रवि के लंड के सूपदे को अपने मुँह मे भर कर पागलो की तरह चूसने लगती है, दोनो एक दूसरे के लंड और चूत को एक दूसरे की गान्ड को दबा-दबा कर चाटने लगते है, लगभग 20 मिनिट तक दोनो एक दूसरे की चूत और लंड को चाट-चाट कर चिकना कर देते है,

रवि सोनिया को अलग करता है लेकिन सोनिया उसके लंड को छोड़ने को तैयार नही होती है और वह उसके मस्ताने लंड को खूब कस-कस कर चूसने लगती है, रवि सोनिया को अलग करके उसके पूरे नंगे बदन को अपने मुँह से चूमता हुआ उसे अपने नंगे बदन से चिपका लेता है सोनिया रवि के पूरे जिस्म को पागलो की तरह अपने मुँह से चूमने लगती है, रवि अब समझ जाता है कि लोहा गरम है हथोदा मार देना चाहिए और रवि सोनिया को लेटा कर उसकी दोनो जाँघो को अच्छी तरह फोल्ड करके उसके कंधे से लगा देता है और फिर सोनिया की कसी हुई कुँवारी चूत मे अपने लंड को सटा कर एक तगड़ा धक्का मारता है और सोनिया इतना ज़ोर से चीखती है जैसे उसकी जान निकल गई हो और रवि का मोटा लंड उसकी चूत मे आधे से ज़्यादा फस जाता है और उसकी चूत का छेद किसी छल्ले की तरह फेल जाता है,

क्रमशः.........................



rajaarkey
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Re: कमीना

Unread post by rajaarkey » 10 Nov 2014 13:36


KAMINA--18

gataank se aage.............................
ravi- kya ho raha hai darling
soniya- kuch nahi bas baithi-baithi bor ho rahi thi
ravi- chalo aaj se me tumhare pas hi baitha karuga
soniya- muskura kar koi jarurat nahi hai, mere pas yaha baithoge aur phir tumhari harkat cinema hall jaisi phir shuru ho
jayegi,
ravi- muskurata hua kyo cinema hall me mene kya kiya tha
soniya- muskura kar jyada smart banne ki koshish na karo
ravi- achcha chalo aaj sirf hum dono pictur dekhne chalte hai
soniya- has kar nahi
ravi- kyo
soniya- tum to pagal ho kisi ne tumhari harkato ko dekh liya to tumhara to kuch nahi me badnam ho jaaungi
ravi- achcha to chalo aisi jagah chalte hai jaha hame koi nahi dekhega
soniya- kyo aisi jagah le jakar kya karoge
ravi- muskura kar vahi jo tum kab se chahti ho
soniya- muskuraate hue tumhe kya pata me kya chahti hu
ravi- yahi bata du
soniya- muskura kar nahi
ravi- to phir chalo jaldi se nahi to class shuru ho jayegi
soniya- nahi ravi please ye sab thik nahi hai
ravi- off ho tum bhi na me tumhare liye din rat pagal rahta hu aur tumhe meri koi phikar hi nahi hai
soniya- par ravi
ravi- par-var kuch nahi ab chalo aur soniya ka hath pakad kar utha deta hai
soniya- usse apna hath chudate hue idhar udhar dekhti hui uske piche chal deti hai
ravi bahar jakar apni byke par soniya ko baithata hai aur phir dono byke par sawar hokar chal dete hai
soniya- hum kaha ja rahe hai
ravi- are ab shanti se baithi raho me tumhe kahi bhaga kar to nahi le jauga
ravi apni byke dodta hua apne dost karan ke office ke samne jakar apni byke rok deta hai aur soniya ko vahi rukne ka kah
kar 5 minute me aane ka kahta hai aur phir karan ke office me pahuch jata hai
karan- are ravi tu, yaha kaise
ravi- abe tere office me aaya hu to tujhse hi milne aaya hu na
karan- par achanak kya bat hai
ravi- tu office se kab chutega
karan- sham ko 6 baje
ravi- thik hai to mujhe apne flat ki chabhi de aaj me din bhar tere flat me aaram karunga
karan- kya bat hai aaj tu phursat hai kya jo aaram karne mere flat me jana chahta hai ya aur koi bat hai, kahi koi
londiya to nahi le aaya
ravi- are vo sab me tujhe bad me batauga pahle mujhe jaldi se chabhi de sham ko me 5 baje tak tujhse yahi milne aata
hu,
karan- use chabhi deta hua, dekhna bhai meri bed sheet gaanDi nahi hona chahiye
ravi- muskura kar abe apne dost ke liye dhulwa lena
karan- muskura kar me bhi chalu kya
ravi- abe wo teri bibi nahi teri bhabhi hai
karan- are to bhabhi se milwa to de
ravi- abhi nahi jab samay aayega to tu khud hi mil lena
karan- chal thik hai aur phir ravi use by kahta hua vapas soniya ke pas aakar use apni byke par baitha kar karan ke flat
me pahuch jata hai

soniya- ravi ye kiska flat hai
ravi- mere dost ka
soniya- tumhara dost
ravi- ha me bad me tumhe usse milwauga aur phir ravi uske flat ka lock khol kar soniya ko lekar andar aa jata hai
soniya aa kar bed par baith jati hai aur ravi flat ka door lock kar ke uske pas aakar baith jata hai
soniya- ravi mujhe bahut ajeeb lag raha hai
ravi- muskuraate hue par mujhe bahut achcha lag raha hai, malum hai soniya jab tum mere sath hoti ho to mujhe yah
duniya bahut khubsurat lagne lagti hai, lagta hai yah sab tumhare pyar ka asar hai
soniya- thoda muskura kar kya tum mujhse sachmuch itna pyar karte ho
ravi- tumhe koi shak ho to aajma kar dekh lo
soniya- nahi mujhe tum par pura yakin hai aur sab se jyada to mujhe tumhari harkate achchi lagti hai
ravi- soniya ke samne uske doodh ko dekhte hue, kaun si wali harkat
soniya- sharmate hue tum bahut kamine ho
ravi- par yah kamina sirf tumhe pyar karta hai aur soniya ke gale me hath daal kar use apne pas khich leta hai soniya
uske hath lagane bhar se sihar jati hai aur uski chut me pani aa jata hai, ravi soniya ke bhare hue galo ko sahlate hue
uski peeth par hath pherne lagta hai
ravi- soniya ka chehra apne hatho se utha kar uski aankho me dekhte hue, tum puch rahi thi na ki tum kya chahti ho
yah me kaise janta hu
soniya- muskura kar kaise jante ho
ravi- jab me tumhari aankho me dekhta hu na to mujhe yah pata chal jata hai ki tum kya chahti ho
soniya- muskura kar achcha, to bataao abhi me kya chahta hu
ravi - uski aankho me dekh kar uske gadaraaye mote-mote doodh ko dekhta hua, tum yah chahti ho ki me tumhe apni
banho me bhar kar tumhare in rasile hontho ko chum lu. bolo yahi chahti ho na,
soniya- ravi ki bat sun kar muskuraate hue apni najre niche kar leti hai
ravi- uske chehre ko upar uthata hai aur soniya apni aankhe khol kar uski aankho me dekhti hai, ravi bolo yahi chahti ho
na, soniya ravi ka matlab to pahle se hi samajh gai thi lekin ravi ke sparsh se uski chut khub jor-jor se pani chod rahi thi
aur vah ravi ki bat sun kar ek dam se uske sine se chipak jati hai aur ravi use apni banho me bhar kar uske mote-mote
doodh ko kas-kas kar dabane lagta hai aur soniya tadapne lagti hai, ravi uske rasile hontho ko chusne lagta hai aur
soniya ravi ki peeth ko apne nakhuno se dabne lagti hai, ravi apne man me sochta hai yah bahut hi chudas mal hai keval
chune bhar se hi pighlne laga hai aaj iski phuli hui chut marne me maza aa jayega,
ravi soniya ko bed par lita deta hai aur uske side me let kar soniya ke ras bhare hontho ka ras pite hue hue mote-mote
doodh ko apne dono haatho me bhar kar khub kas-kas kar dabane lagta hai aur soniya apne hath per phekne lagti hai,
ravi soniya ki tshirt ko upar karke uske gadaraaye nange pet aur uski gahri nabhi ko apne hontho se chumne lagta hai aur
soniya apni janghe jo ki blue color ki jeans me phasi hui thi ko phaila leti hai aur ravi soniya ki jeans ke upar se hi uski
chut aur gaanD ko dabochne lagta hai aur soniya paglo ki tarah ravi ke sar ke bal nochne lagti hai, ravi soniya ko utha kar
uski tshirt ko utar deta hai aur soniya pink color ki bra me apsara si najar aane lagti hai ravi uske mote-mote doodh me
apne munh ko bhar deta hai aur uske doodh ko dabaate hue uski banho uske gale uske gal aur uski banhe utha kar uski
chikni bagal ko chumne lagta hai, soniya ravi ka munh pakad kar uske hontho ko apne hontho se chumne lagti hai

ravi soniya ki bra ka huk khol kar uski bra ko uske badan se alag kar deta hai aur soniya blue jeans me najar aati hai aur
uske mote nange doodh aur gadraya pet bahut hi khubsurat lagne lagta hai ravi soniya ko apni god me chadha leta hai
aur soniya ke doodh ko dabochta hua uske ek doodh ko apne munh me bhar kar uske gulabi khade hue nippal ka ras
chusne lagta hai aur soniya tadap jati hai ravi uske dono mote-mote doodh ko daba-daba kar unka ras chusne lagta hai
ravi- soniya tum kitni khubsurat ho
soniya- aah dhire ravi tum bahut jor se mere doodh masal rahe ho
ravi- are darling jab tak londiyo ke doodh ko puri takat se na masalo unhe maza nahi aata hai, tumhe achcha lag raha hai
na
soniya- ha
ravi- aur jor se dabau
soniya- ha
ravi uske doodh ko kas kar dabane lagta hai aur soniya aah aah karne lagti hai
ravi- ab kaisa lag raha hai
soniya- bahut achcha
ravi soniya ko lita kar uske pas let jata hai aur uske doodh ko apne hatho se masalta hua,
ravi- soniya cinema me jyada achcha lag raha tha ya phir yaha
soniya- cinema me to tum kapde ke upar se kar rahe the na, aur yaha to tum
ravi- kya yaha to tum
ravi ki bat sun kar soniya muskura kar mujhe nahi malum
ravi- yah kahna chahti ho na ki yaha to me tumhe nangi karke masal raha hu aur uske doodh ko apne hatho me pakad
kar kas kar masal deta hai, soniya aah aah karke sisiyane lagti hai